
रायपुर । विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर शासकीय दंत चिकित्सा महाविद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसका उद्देश्य स्नातक (UG) और स्नातकोत्तर (PG) के विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना और पढ़ाई व करियर से जुड़े तनाव को बेहतर तरीके से संभालने के लिए प्रेरित करना था।
पढ़ाई के दबाव के बीच मानसिक स्वास्थ्य जरूरी
कार्यक्रम के समन्वयक डॉ. आर. के. दुबे ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि चिकित्सा क्षेत्र में पढ़ाई और काम का दबाव अधिक रहता है। ऐसे में शारीरिक स्वास्थ्य के साथ मानसिक स्वास्थ्य का ध्यान रखना भी बेहद जरूरी है।
उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी मानसिक सेहत को प्राथमिकता देने और समाज में मानसिक स्वास्थ्य को लेकर फैली भ्रांतियों को दूर करने में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
योग, ध्यान और संवाद से तनाव कम करने पर जोर
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी चुनौतियों, पढ़ाई और करियर के तनाव तथा संतुलित जीवनशैली के महत्व के बारे में जानकारी दी गई। विशेषज्ञों ने दैनिक जीवन में योग, ध्यान और खुलकर संवाद करने जैसी अच्छी आदतों को शामिल करने की सलाह दी।
विद्यार्थियों ने चर्चा में लिया हिस्सा
जागरूकता कार्यक्रम में UG और PG के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े विषयों पर अपनी जिज्ञासाएं साझा कीं। कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को यह संदेश दिया गया कि मानसिक स्वास्थ्य की देखभाल स्वस्थ जीवनशैली का महत्वपूर्ण हिस्सा है और जरूरत पड़ने पर मदद लेने में संकोच नहीं करना चाहिए।




