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नवभारत फुटबॉल प्रतियोगिता के समापन समारोह में शामिल हुए राज्यपाल रमेन डेका, विजेता टीमों को किया सम्मानित

रायपुर। नवभारत परिवार द्वारा आयोजित 17वीं अखिल भारतीय फुटबॉल एवं जिला स्तरीय विद्यालय फुटबॉल प्रतियोगिता का भव्य समापन हुआ। राज्यपाल रमेन डेका समारोह में शामिल हुए और फाइनल मुकाबले का आनंद लिया। उन्होंने विजेता और उपविजेता टीमों को ट्रॉफी एवं नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया।

अखिल भारतीय फुटबॉल प्रतियोगिता के फाइनल में तमिलनाडु पुलिस ने दल्लीराजहरा माइंस को 1-0 से हराकर खिताब अपने नाम किया। वहीं जिला स्तरीय विद्यालय फुटबॉल प्रतियोगिता में सेंट जेवियर्स स्कूल भरनी ने नवीन पिछड़ा वर्ग क्रीड़ा परिसर को पराजित कर विजेता बनने का गौरव हासिल किया।

खेल अनुशासन और टीम भावना सिखाते हैं : राज्यपाल

समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल रमेन डेका ने कहा कि खेल केवल शारीरिक मजबूती का माध्यम नहीं हैं, बल्कि इनके जरिए अनुशासन, टीमवर्क और खेल भावना का विकास भी होता है। नियमित खेल गतिविधियों से शरीर स्वस्थ और सक्रिय रहता है।

उन्होंने कहा कि आज खेल के क्षेत्र में करियर की संभावनाएं भी तेजी से बढ़ रही हैं। प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अपनी मेहनत और लगन के दम पर आगे बढ़ने के बेहतर अवसर मिल रहे हैं। प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में खिलाड़ियों की सहभागिता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

फुटबॉल से मिलती है जीवन की महत्वपूर्ण सीख

राज्यपाल ने कहा कि फुटबॉल यह सिखाता है कि किसी भी लक्ष्य को हासिल करने के लिए टीम के प्रत्येक सदस्य को अपनी भूमिका पूरी जिम्मेदारी से निभानी होती है। एक-दूसरे का सहयोग, नियमों का सम्मान और आखिरी क्षण तक प्रयास करते रहना ऐसे गुण हैं, जो जीवन के हर क्षेत्र में सफलता के लिए जरूरी हैं।

उन्होंने खिलाड़ियों से कहा कि वे खेल का आनंद लेते हुए निरंतर मेहनत करें और हार से निराश होने के बजाय उससे सीख लेकर अगले मुकाबले की तैयारी करें। उन्होंने कहा कि खिलाड़ी की लगन, अनुशासन और निरंतर अभ्यास ही उसकी सबसे बड़ी ताकत है।

स्कूल स्तर की प्रतियोगिताएं प्रतिभाओं को देती हैं मंच

राज्यपाल डेका ने कहा कि विद्यालय स्तर की खेल प्रतियोगिताएं बच्चों की प्रतिभा पहचानने और उसे निखारने का महत्वपूर्ण मंच हैं। इन्हीं प्रतियोगिताओं से निकलकर युवा खिलाड़ी आगे चलकर राज्य और देश का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं।

उन्होंने कहा कि जिला और राज्य स्तर के मुकाबलों से खिलाड़ियों को अनुभव मिलता है, जबकि अखिल भारतीय प्रतियोगिताओं में अलग-अलग राज्यों की टीमों के साथ खेलने से प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता और खेल का स्तर बेहतर होता है।

राज्यपाल ने ऐसे आयोजनों को लगातार आयोजित किए जाने की आवश्यकता बताते हुए कहा कि अधिक से अधिक बच्चों और युवाओं को खेलों से जोड़ने तथा प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए प्रतियोगिताओं का सिलसिला जारी रहना चाहिए।

समापन समारोह में विभिन्न विभागों के अधिकारी, खिलाड़ी, प्रशिक्षक, आयोजक और बड़ी संख्या में खेलप्रेमी दर्शक उपस्थित रहे।

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