
रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के निकट स्थित नकटी गांव में प्रशासन द्वारा बड़ी बुलडोजर कार्रवाई की गई, जिसमें दर्जनों मकानों को ध्वस्त कर दिया गया। विभिन्न वैदिक न्यूज़ चीफ एडिडर सैय्यद सलमा ने के बताया क़ी , यह कार्रवाई प्रस्तावित विधायक कॉलोनी के लिए भूमि खाली कराने के उद्देश्य से की गई। प्रशासन का कहना है कि संबंधित निर्माण सरकारी जमीन पर था, जबकि ग्रामीणों का दावा है कि वे वर्षों से यहां रह रहे थे और कई परिवारों को सरकारी आवास योजनाओं का भी लाभ मिला था।
कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। ग्रामीणों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोप लगाया कि बारिश के मौसम में उन्हें बेघर कर दिया गया। प्रभावित परिवारों का कहना है कि उनके सामने अब रहने और आजीविका का संकट खड़ा हो गया है।

वहीं प्रशासन का पक्ष है कि प्रभावित परिवारों के पुनर्वास की व्यवस्था नवा रायपुर के ईडब्ल्यूएस आवासों में की जा रही है और वैकल्पिक आवास उपलब्ध कराए जाएंगे। इस मुद्दे पर राजनीतिक प्रतिक्रिया भी सामने आई है। विपक्षी नेताओं ने सरकार की कार्रवाई की आलोचना करते हुए इसे गरीबों के साथ अन्याय बताया है। वहीं दो विधायकों ने भी गरीबों के घर तोड़कर बनाए जाने वाले सरकारी आवास स्वीकार करने से इनकार किया है।




