
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज राजधानी रायपुर में आयोजित नशामुक्ति पदयात्रा में शामिल हुए। देवेंद्र नगर चौक से लाल चौक तक आयोजित पदयात्रा में स्कूली विद्यार्थियों, युवाओं, महिलाओं, जनप्रतिनिधियों और नागरिकों ने सहभागिता की। मुख्यमंत्री ने पदयात्रा के माध्यम से नशामुक्त एवं स्वस्थ समाज के निर्माण का संदेश दिया। समापन अवसर पर उन्होंने लाल चौक स्थित सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नशामुक्त और स्वस्थ छत्तीसगढ़ ही विकसित छत्तीसगढ़ की मजबूत नींव है। नशे का असर केवल व्यक्ति तक सीमित नहीं रहता, बल्कि पूरे परिवार और समाज को प्रभावित करता है। उन्होंने प्रदेशवासियों से स्वयं नशे से दूर रहने और अपने आसपास के लोगों को भी नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि प्रदेश की युवा शक्ति छत्तीसगढ़ की सबसे बड़ी ताकत है। युवाओं को नशे से बचाकर उनकी ऊर्जा को शिक्षा, कौशल, रोजगार, खेल, स्वरोजगार और उद्यमिता जैसे सकारात्मक क्षेत्रों से जोड़ना सरकार की प्राथमिकता है। राज्य में युवाओं के लिए नए अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने बताया कि सेवा संकल्प अभियान के तहत 25 सितंबर से 2 अक्टूबर तक नशामुक्ति पदयात्रा सप्ताह आयोजित किया जा रहा है। यह अभियान नशामुक्ति के साथ स्वच्छता, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक जागरूकता को जनभागीदारी से आगे बढ़ाने का माध्यम बन रहा है।
उन्होंने कहा कि सामाजिक बदलाव केवल सरकारी प्रयासों से संभव नहीं है। जब समाज स्वयं किसी अभियान से जुड़ता है, तभी उसका प्रभाव व्यापक और स्थायी होता है। मुख्यमंत्री ने विधायक श्री पुरंदर मिश्रा द्वारा पिछले 27 वर्षों से नशामुक्ति, वृक्षारोपण और स्वच्छता जैसे सामाजिक विषयों को लेकर पदयात्रा आयोजित किए जाने की सराहना की।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि नशामुक्ति का संदेश विशेष रूप से युवाओं तक पहुंचाना जरूरी है। उन्होंने विद्यार्थियों और युवाओं से अपने परिवार, मित्रों और समाज में नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ युवा, स्वस्थ परिवार और जागरूक समाज मिलकर ही सशक्त एवं विकसित छत्तीसगढ़ का निर्माण कर सकते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में युवाओं के लिए रोजगार और उद्यमिता के अवसर बढ़ाने




