
रायपुर में FTV क्लब के रायपुर। राजधानी रायपुर के VIP रोड स्थित फैशन टीवी (FTV) क्लब में प्रस्तावित टेक्नो पार्टी कार्यक्रम को लेकर आम आदमी पार्टी यूथ विंग ने आपत्ति जताई है। यूथ विंग ने पुलिस प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर कार्यक्रम की जांच कराने और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आयोजन पर रोक लगाने की मांग की है।
AAP यूथ विंग का कहना है कि शहर में पूर्व में आयोजित कुछ टेक्नो और नाइट पार्टी कार्यक्रमों के दौरान नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों में पुलिस कार्रवाई कर चुकी है। संगठन ने दावा किया कि पूर्व में ड्रग्स से संबंधित मामलों में कार्रवाई का सामना कर चुके कुछ लोग अब जमानत पर बाहर आने के बाद FTV क्लब के कार्यक्रमों में दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, किसी कार्यक्रम में किसी व्यक्ति की मौजूदगी अपने आप में उसकी संलिप्तता का प्रमाण नहीं है।
कार्यक्रम से पहले सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की मांग
यूथ विंग ने पुलिस प्रशासन से सवाल किया कि ऐसे आयोजनों में नशीले पदार्थों की संभावित बिक्री और सेवन पर रोक लगाने के लिए किस तरह की निगरानी की जा रही है। संगठन ने मामले की निष्पक्ष जांच करने और कार्यक्रम से पहले सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने की मांग की।
इसी संबंध में सहायक पुलिस अधिकारी रमाकांत साहू को आपत्ति ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कहा गया कि कार्यक्रम के आयोजन से जुड़े नियमों और सुरक्षा मानकों की जांच की जाए तथा किसी भी तरह का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
नशे और नियमों के उल्लंघन पर सख्ती की मांग
आम आदमी पार्टी यूथ विंग ने कार्यक्रम के दौरान नशीले पदार्थों की बिक्री एवं सेवन, नाबालिगों के प्रवेश और निर्धारित समय के बाद क्लब संचालन जैसे मामलों पर विशेष निगरानी रखने की मांग की। संगठन ने पुलिस और संबंधित विभागों से कानून के अनुरूप कार्रवाई सुनिश्चित करने की अपील की।
कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
AAP यूथ विंग ने चेतावनी दी कि शिकायत के बावजूद यदि नियमों की अनदेखी कर कार्यक्रम आयोजित किया जाता है और प्रशासन आवश्यक कार्रवाई नहीं करता, तो संगठन लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन करेगा। पार्टी ने आबकारी विभाग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए आबकारी मंत्री के पुतले के दहन की भी चेतावनी दी है।
संगठन ने कहा कि उसकी मांग का उद्देश्य युवाओं को नशे से दूर रखना, उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना और शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने में प्रशासन का ध्यान आकर्षित करना है। अब मामले में पुलिस प्रशासन की जांच और कार्रवाई पर नजर रहेगी।




